Surah Nasr in Hindi (2022)

Surah Nasr in Hindi

हज़रत अब्दुल्लाह बिन अब्बास का बयान है कि Surah Nasr क़ुरआन-ए-मजीद की आख़िरी सूरत है, यानी इस के बाद कोई मुकम्मल सूरा नबी करीम सल्ललहु अल्लेवास्सलम पर नाज़िल नहीं हुई। हम बता रहे है Surah Nasr in Hindi (मुस्लिम, नसाई)

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सूरह नसर हिंदी में सीखें

Surah Nasr in Hindi

सूरह नसर की अरबी और उसके साथ उसकी हिंदी में पढ़ाई

Surah Nasr in hindi

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बिस्मिल्ला हिररह्मनिर्रहीम

शुरू करता हूं अल्लाह के नाम से जो बड़ा मेहरबान और निहायत रहम वाला है।

1 इज़ा जा आ नसरुल्ला ही वल फतह

जब अल्लाह की मदद और फतह आ चुकी है

2 वरा अयतन्नासा यदखुलूना फी दीनिल ल्लाही अफ़वाजा

और तुमने अपनी आंखों से देख लिया कि इंसानों की फौज दर फौज अल्लाह के दीन में दाखिल होती जा रही है

3 फसब्बिह बिहमदी रब्बिका वस्तगफिरहू

बस अपने रब्ली हम्द के साथ तस्बीह बयान करो,और उससे मगफिरत मांगते रहो।

4 इन्नहू काना तौव्वाबा

बेशक वह तौबा क़ुबूल करने वाला है।

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Surah Nasr Hindi Tarjuma

सूरह नसर की अरबी और उसके साथ उसका हिंदी तर्जुमा

Surah Nasr hindi tarjuma

Surah Nasr in English

सूरह नसर की अरबी और उसके साथ उसकी English में पढ़ाई

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Surah Nasr in English

Bismillaahir Rahmaanir Raheem

Iza jaaa’a nasrul-laahi walfath

Wa ra-aitan naasa yadkhuloona fee deenil laahi afwajaa

Fasabbih bihamdi rabbika wastaghfirh, innahoo kaana tawwaaba

Surah Nasr in Arabic

Surah Nasr in Arabic

Surah Nasr kab naazil hui

हज़रत अब्दुल्लाह बिन अब्बास की रिवायत है कि ये सूरत हज्जৃ उल-विदा के मौक़ा पर ए्याम-ए-तशरीक़ के वस्त में बमुक़ाम-ए-मिना नाज़िल हुई

और इस के बाद हुज़ूर सलाल्लाहो अलैहि वसल्लम ने अपनी ऊंटनी पर सवार हो कर अपना मशहूर ख़ुतबा इरशाद फ़रमाया (तिरमिज़ी)

बीहक़ी ने किताब उल-हज्ज में से हजरत सुरैया बिंत नभान की रिवायत से हुजूर सलाल्लाहो अलैहि वसल्लम का वो ख़ुतबा नक़ल किया है जो आपने इस मौक़ा पर इरशाद फ़रमाया था। वो कहती हैं कि

” मैंने हज- उल-विदा में हुज़ूर सलाल्लाहो अलैहि वसल्लम को ये फ़रमाते सुना कि लोगो जानते हो कि ये कौनसा दिन है? लोगों ने अर्ज़ किया अल्लाह और इस के रसूल को ज़्यादा इलम है ।

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फ़रमाया ये ए्याम-ए-तशरीक़ के बीच का दिन है। फिर आप ने पूछा जानते हो ये कौनसा मुक़ाम है ? लोगों ने अर्ज़ किया अल्लाह और इस के रसूल को ज़्यादा इलम है।

फ़रमाया ये मैसरे – हराम है। फिर हुज़ूर सलाल्लाहो अलैहि वसल्लम ने फ़रमाया कि में नहीं जानता, शायद उस के बाद में तुमसे मिल ना सकूँ ।

ख़बरदार रहो, तुम्हारे ख़ून और तुम्हारी इज़्ज़तें एक दूसरे पर इसी तरह हराम हैं जिस तरह ये दिन और ये मुक़ाम हराम है यहां तक कि तुम अपने रब के सामने हाज़िर हो और वो तुमसे तुम्हारे आमाल के बारे में सवाल करे। सुनो, ये बात तुम में से क़रीब वाला दूर वाले तक पहुंचा दे।

सुनो , क्या मैंने तुम्हें पहुंचा दिया ? इस के बाद जब हम लोग मदीना वापिस हुए तो कुछ ज़्यादा दिन ना गुज़रे थे कि हुजूर सलाल्लाहो अलैहि वसल्लम का इंतिक़ाल हो गया।

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इन दोनों रिवायतों को मिला कर देखा जाये तो मालूम होता है कि सूरह नसर के नुज़ूल और रसूल अल्लाह सलाल्लाहो अलैहि वसल्लम की वफ़ात के दरमयान तीन महीने कुछ दिन का फासला था ,

क्योंकि तारीख़ की रो से हज उल-विदा और हज़ूर सलाल्लाहो अलैहि वसल्लमके विसाल के दरमयान इतना ही ज़माना गुज़रा था

इबन अबास का बयान है कि जब ये सूरत नाज़िल हुई तो हज़ूरसलाल्लाहो अलैहि वसल्लम ने फ़रमाया मुझे मेरी वफ़ात की ख़बर दे दी गई है और मेरा वक़्त आन पूरा हुआ

(मुसंद अहमद, इबन जरीर, इबन अलमुनि)

दूसरी रवायात जो हज़रत अब्दुल्लाह बिन अब्बास से मनक़ूल हुई हैं इन में बयान किया गया हैकि इस सूरत के नुज़ूल से हज़ूर सलाल्लाहो अलैहि वसल्लम ने ये समझ लिया था कि आप सलाल्लाहो अलैहि वसल्लम को दुनिया से रुख़स्त होने की इत्तिला दे दी गई है (नसाई)

उम मूल मोमनीन हज़रत उम्मे -हबीबा फ़रमाती हैं कि जब ये सूरत नाज़िल हुई तो हज़ूर सलाल्लाहो अलैहि वसल्लम ने फ़रमाया इस साल मेरा इंतिक़ाल होने वाला है।

ये बात सुन कर हज़रत फ़ातिमा रो दी। इस पर आपसलाल्लाहो अलैहि वसल्लम ने फ़रमाया मेरे ख़ानदान में से तुम ही सबसे पहले मुझसे आकर मिलोगी।

ये सुन कर वो हंस दें

(इबन अबी हातिम,)। क़रीब क़रीब ईसी मज़मून की रिवायत बीहक़ी ने इबन अबासओ से नक़ल की है

Surah Nasr Urdu Me Tarjuma

Surah Nasr in Urdu

हम ने अपने इस आर्टिकल में Surah Nasr in Hindi ,उसकी फ़ज़ीलत और उसका तर्जुमा बताया है साथ ही हमने Surah Nasr in English में भी बताया है जिसे आप आसानी से पढ़ और समझ सकते है

अगर ये आर्टिकल आपको अच्छा लगे या फिर इस आर्टिकल को लिखने में हमसे कही कोई गलती हो गयी हो तो आप हमे कमेंट करके बता सकते है और साथ अपने दोस्तों के share भी कर सकते है

व अखिरू दावाना अलाह्म्दुलिल्लाही रब्बिल आलमीन

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