Ramzan & Roza in Hindi

रमज़ान (Ramadan) इस्लामी साल का सबसे मुकद्दस (Holy) महीना है। यह रहमतों, बरकतों और मगफिरत का महीना है। इसमें कुरान नाज़िल हुआ और इसमें एक रात (शब-ए-क़द्र) हज़ार महीनों से बेहतर है।

इस केटेगरी में हम रोज़े के मसाइल, तरावीह, और रमज़ान की मसनून दुआओं के बारे में जानेंगे।

तफसील से पढ़ें: Ramzan Ki Fazilat Aur Barakat

🌙 इस सेक्शन में आप क्या सीखेंगे?

यहाँ रमज़ान से जुड़ी हर ज़रूरी जानकारी मौजूद है:

✨ रमज़ान की फजीलत

नबी करीम (ﷺ) ने फरमाया:

“जिसने ईमान के साथ और सवाब की नियत से रमज़ान के रोज़े रखे, उसके पिछले तमाम गुनाह माफ़ कर दिए जाते हैं।” (सहीह बुखारी)

रमज़ान हमें सब्र और तकवा (अल्लाह का डर) सिखाता है।

🤲 रमज़ान के तीन अशरे

रमज़ान को तीन हिस्सों (अशरों) में बांटा गया है:

  1. पहला अशरा (रहमत): 1 से 10 रमज़ान।
  2. दूसरा अशरा (मगफिरत): 11 से 20 रमज़ान।
  3. तीसरा अशरा (निजात): 21 से 30 रमज़ान (जिसमें शब-ए-क़द्र तलाश की जाती है)।

नीचे दिए गए आर्टिकल्स पढ़ें और अपने रमज़ान को बेहतरीन बनाएं।