Namaz (Salah) in Hindi

नमाज़ (Salah) इस्लाम का दूसरा और सबसे अहम रुकन (Pillar) है। कयामत के दिन सबसे पहला सवाल नमाज़ के बारे में ही किया जाएगा।

इस केटेगरी में आपको नमाज़ पढ़ने का सही तरीका (Namaz Ka Tarika), वुज़ू, गुस्ल, और नमाज़ से जुड़े तमाम ज़रूरी मसाइल आसान हिंदी और उर्दू में मिलेंगे। चाहे आप नमाज़ सीखना शुरू कर रहे हों या किसी खास मसले का हल ढूंढ रहे हों, यहाँ आपको मुकम्मल रहनुमाई मिलेगी।

🕌 इस सेक्शन में आप क्या सीखेंगे?

हम यहाँ नमाज़ के हर पहलू को कवर करते हैं:

  • नमाज़ का तरीका: मर्दों और औरतों की नमाज़ में क्या फर्क है?
  • रकात की जानकारी: फज्र, ज़ुहर, असर, मगरिब और ईशा में कितनी रकातें हैं?
  • नफ़िल नमाज़ें: तहज्जुद, इशराक, और सलात-उल-तस्बीह का तरीका।
  • मसाइल: सफ़र में नमाज़ (क़स्र), कज़ा नमाज़, और सज्दा-ए-सहू के नियम।
  • दुआएं: नमाज़ के अंदर और बाद की मसनून दुआएं।

📖 नमाज़ की अहमियत

कुरान मजीद में अल्लाह तआला फरमाता है:

“बेशक नमाज़ बेहयाई और बुरी बातों से रोकती है।” (सूरह अनकबूत: 45)

नमाज़ सिर्फ एक इबादत नहीं, बल्कि अल्लाह से जुड़ने का जरिया है। यह दिल को सुकून देती है और ज़िंदगी में अनुशासन (Discipline) लाती है।


नीचे दिए गए आर्टिकल्स पढ़ें और अपनी नमाज़ को सही करें।